पदभार:वन मंत्री से संसदीय कार्य मंत्री—धामी के ‘मास्टर स्ट्रोक’ बने सुबोध उनियाल

देहरादून। उत्तराखंड की राजनीति में अपनी पैनी समझ, सधी हुई रणनीति और संकटमोचक छवि के लिए जाने जाने वाले कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल को धामी सरकार ने एक और बड़ा दायित्व सौंपा है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गैरसैंण में प्रस्तावित विधानसभा सत्र से पहले उन्हें संसदीय कार्य मंत्री का अतिरिक्त कार्यभार सौंपा है।
वन मंत्री के रूप में अपने ठोस निर्णयों और बेदाग कार्यशैली से अलग पहचान बनाने वाले सुबोध उनियाल अब सदन में सरकार की नीतियों और विधेयकों को आगे बढ़ाने की कमान संभालेंगे। यह पद प्रेमचंद अग्रवाल के इस्तीफे के बाद खाली था, जबकि विधानसभा सत्र में संसदीय कार्य मंत्री की भूमिका सरकार की दिशा और धार तय करने में अहम होती है।
राजनीतिक गलियारों में सुबोध उनियाल को हमेशा से धामी सरकार का भरोसेमंद संकटमोचक माना जाता रहा है। उनके अनुभव, संयम और कुशल नेतृत्व से उम्मीद है कि आगामी सत्र में वे विपक्ष की हर चाल का जवाब देने के साथ-साथ सरकार के विधायी एजेंडे को मजबूती से पारित कराएंगे।