जहाँ सत्ता ने शीश नवाया और संगत ने श्रद्धा—वहीं प्रकट हुआ सेवाधर्म का असली स्वरूप
देहरादून। दरबार श्री गुरु राम राय महाराज (श्री दरबार साहिब) में सज्जादानशीन एवं गद्दीनशीन महंत देवेन्द्र दास महाराज का 26वां प्रकटोत्सव मंगलवार को श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक उल्लास के साथ मनाया गया। पूरे दरबार परिसर में गुरु महिमा, सेवा और समर्पण का अनुपम दृश्य देखने को मिला।
सूबे के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने फोन के माध्यम से श्री महाराज को प्रकटोत्सव की हार्दिक शुभकामनाएं प्रेषित कीं। वहीं स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत स्वयं श्री दरबार साहिब पहुंचे, श्री महाराज से आशीर्वाद लिया और जन्मदिवस (प्रकटोत्सव) की बधाई दी।
इस पावन अवसर पर देश-विदेश, उत्तराखंड व पड़ोसी राज्यों से हजारों श्रद्धालु श्री दरबार साहिब पहुंचे। संगतों ने श्री झण्डा साहिब पर मत्था टेका, गुरु चरणों में नतमस्तक होकर आशीर्वाद प्राप्त किया। विशेष पूजा-अर्चना के साथ संगतों के मध्य प्रसाद वितरण किया गया।
गौरतलब है कि 10 फरवरी 2000 को ब्रह्मलीन पूजनीय श्रीमहंत इन्दिरेश चरण दास महाराज ने श्रीमहंत देवेन्द्र दास महाराज को शिष्य रूप में स्वीकार कर दीक्षा प्रदान की थी। गुरु-शिष्य परंपरा की इसी दिव्यता के प्रतीक स्वरूप यह दिन प्रकटोत्सव के रूप में श्रद्धा से मनाया जाता है।
बाद में 25 जून 2000 को श्रीमहंत देवेन्द्र दास महाराज श्री दरबार साहिब के सज्जादानशीन बने, जिससे आध्यात्मिक परंपरा को नई ऊर्जा मिली।
प्रकटोत्सव अवसर पर श्री महाराज ने कहा कि “सेवाधर्म ही सबसे बड़ा धर्म है”। उन्होंने गुरु राम राय महाराज का सिमरन करते हुए संगतों को गुरु महिमा से आत्मसात कराया और कहा कि गुरु ही अंधकार से प्रकाश की ओर ले जाने वाला पथप्रदर्शक है।
उन्होंने अपने संकल्प को दोहराते हुए कहा कि एसजीआरआर मिशन समाज को सही दिशा देने, सुदूर पर्वतीय क्षेत्रों तक गुणवत्तापरक शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने के लिए पूर्ण निष्ठा से कार्यरत है। श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल और श्री गुरु राम राय विश्वविद्यालय इस सेवा भाव के सशक्त केंद्र हैं, जिनका उद्देश्य अंतिम पंक्ति के व्यक्ति तक सुविधा पहुंचाना है।
उत्तर भारत में संचालित श्री गुरु राम राय पब्लिक स्कूलों के छात्र-छात्राओं, अस्पताल के चिकित्सकों, स्टाफ सदस्यों, विभिन्न जनपदों से आए गणमान्य नागरिकों एवं संगतों ने श्री महाराज जी को दीर्घायु होने की कामना के साथ शुभकामनाएं दीं। बधाई देने का क्रम देर शाम तक चलता रहा। श्रद्धालुओं के लिए लंगर व मिष्ठान की सुव्यवस्थित व्यवस्था की गई।
सेवा का सजीव उदाहरण
प्रकटोत्सव के अवसर पर श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल के ब्लड बैंक, श्री महाकाल सेवा समिति एवं एसजीआरआर पीजी कॉलेज के संयुक्त तत्वावधान में स्वैच्छिक रक्तदान शिविर का आयोजन भी किया गया। शिविर में 65 यूनिट रक्तदान हुआ। सेवा और मानवता के इस कार्य में समिति अध्यक्ष रोशन राणा, ब्लड बैंक कोऑर्डिनेटर अमित चन्द्र और छात्रसंघ अध्यक्ष बलबीर कुंवर सहित पूरी टीम का सराहनीय योगदान रहा।

